ग़ाज़ियाबाद में मिशन शक्ति 6.0: 9 दिन में 1,233 गाड़ियाँ बिना नंबर प्लेट, 1,272 से काली फ़िल्म हटी, 125 स्टंट केस, नियम क्या कहते हैं

सीधा जवाब: ग़ाज़ियाबाद ट्रैफ़िक पुलिस ने मिशन शक्ति 6.0 के तहत 11 से 19 अक्टूबर 2026 तक शहर में 24 जगहों पर जाँच की। इसमें बिना नंबर प्लेट की 1,233 गाड़ियों पर कार्रवाई हुई, 1,272 गाड़ियों से काली फ़िल्म हटवाई गई और स्टंटबाज़ी के 125 मामलों में कार्रवाई की गई। अभियान में महिला सुरक्षा को प्राथमिकता दी गई। काली फ़िल्म और बिना नंबर प्लेट वाली गाड़ियाँ पहचान छिपाने में इस्तेमाल हो सकती हैं, इसलिए ये सुरक्षा का भी मामला हैं।

अभियान में क्या हुआ?

सवालग़ाज़ियाबाद के मिशन शक्ति 6.0 अभियान में कितनी कार्रवाई हुई?

जवाब: जाँच की जगहें: 24; बिना नंबर प्लेट वाली गाड़ियों पर कार्रवाई: 1,233; गाड़ियों से काली फ़िल्म हटवाई: 1,272; स्टंटबाज़ी के मामलों में कार्रवाई: 125 एडीसीपी ट्रैफ़िक वरुण कुमार सिंह के अनुसार, नंबर प्लेट से ही गाड़ी की पहचान होती है, इसलिए बिना नंबर प्लेट गाड़ी चलाना नियम तोड़ने के साथ सुरक्षा के लिहाज़ से भी गंभीर है।

कार्रवाई संख्या
जाँच की जगहें 24
बिना नंबर प्लेट वाली गाड़ियों पर कार्रवाई 1,233
गाड़ियों से काली फ़िल्म हटवाई 1,272
स्टंटबाज़ी के मामलों में कार्रवाई 125

काली फ़िल्म: नियम क्या है?

सवालक्या कार के शीशे पर काली फ़िल्म लगाना ग़ैरक़ानूनी है?

जवाब: केंद्रीय मोटर वाहन नियम, 1989 का नियम 100(2): गाड़ी के आगे और पीछे के शीशे से कम से कम 70% और बगल के शीशों से कम से कम 50% रोशनी पार होनी चाहिए।; सुप्रीम कोर्ट (अविषेक गोयनका बनाम भारत संघ, 27 अप्रैल 2012): कोर्ट ने गाड़ियों के शीशों पर किसी भी तरह की फ़िल्म लगाने पर रोक लगाई।

  • केंद्रीय मोटर वाहन नियम, 1989 का नियम 100(2): गाड़ी के आगे और पीछे के शीशे से कम से कम 70% और बगल के शीशों से कम से कम 50% रोशनी पार होनी चाहिए।
  • सुप्रीम कोर्ट (अविषेक गोयनका बनाम भारत संघ, 27 अप्रैल 2012): कोर्ट ने गाड़ियों के शीशों पर किसी भी तरह की फ़िल्म लगाने पर रोक लगाई। यानी बाद में लगाई गई काली या रंगीन फ़िल्म नियम के ख़िलाफ़ है, चाहे वह कितनी भी हल्की हो।
काले शीशे वाली कार (प्रतीकात्मक)
Photo: CreaPark via Pixabay (प्रतीकात्मक तस्वीर / Representative image) · Pixabay

बिना नंबर प्लेट: क्यों बड़ी बात है?

सवालबिना नंबर प्लेट गाड़ी चलाने में क्या दिक़्क़त है?

जवाब: गाड़ी पर साफ़ दिखने वाली रजिस्ट्रेशन नंबर प्लेट ज़रूरी है। नई गाड़ियों पर हाई सिक्योरिटी रजिस्ट्रेशन प्लेट (HSRP) का नियम है।; बिना नंबर प्लेट गाड़ी हादसे के बाद भाग जाए तो उसे पकड़ना लगभग नामुमकिन होता है। कैमरे से चालान भी नहीं हो पाता।; नंबर प्लेट के बारे में हमारी गाइड: कार का रजिस्ट्रेशन नंबर क्या बताता है । EV वालों के लिए: हरी नंबर प्लेट ।।

  • गाड़ी पर साफ़ दिखने वाली रजिस्ट्रेशन नंबर प्लेट ज़रूरी है। नई गाड़ियों पर हाई सिक्योरिटी रजिस्ट्रेशन प्लेट (HSRP) का नियम है।
  • बिना नंबर प्लेट गाड़ी हादसे के बाद भाग जाए तो उसे पकड़ना लगभग नामुमकिन होता है। कैमरे से चालान भी नहीं हो पाता।
  • नंबर प्लेट के बारे में हमारी गाइड: कार का रजिस्ट्रेशन नंबर क्या बताता है। EV वालों के लिए: हरी नंबर प्लेट।

स्टंटबाज़ी: ख़तरनाक ड्राइविंग

सड़क पर स्टंट को ख़तरनाक ड्राइविंग माना जाता है। मोटर वाहन (संशोधन) अधिनियम, 2019 के बाद धारा 184 में पहली बार ऐसा करने पर 6 महीने से 1 साल तक की जेल और/या ₹1,000 से ₹5,000 तक का जुर्माना है। स्टंट करने वाला सिर्फ़ अपनी नहीं, सड़क पर चल रहे दूसरों की जान भी ख़तरे में डालता है।

अपनी गाड़ी जाँचें: छोटी चेकलिस्ट

  1. नंबर प्लेट साफ़, सही जगह पर और पढ़ने लायक हो। टूटी या ग़ायब है तो तुरंत लगवाएँ।
  2. शीशों पर कोई फ़िल्म न हो। गहरे रंग का शीशा फ़ैक्ट्री से आया है तो भी 70%/50% की सीमा का ध्यान रखें।
  3. अपने चालान ऑनलाइन देखते रहें: ई-चालान कैसे चेक और भरें।
  4. ताज़ा जुर्माने की सूची: ट्रैफ़िक चालान जुर्माने 2026।

चालान से बचने की 8 आसान आदतें

सवालचालान से बचने के लिए कौन-सी आदतें अपनाएँ?

जवाब: आजकल ज़्यादातर बड़े शहरों में कैमरों से अपने-आप चालान कटते हैं, और कई बार लोगों को हफ़्तों बाद पता चलता है। सबसे सस्ता तरीका है नियम मानना: स्टॉप लाइन से पहले रुकें: रेड लाइट पर ज़ेब्रा क्रॉसिंग या स्टॉप लाइन पार न करें।; बोर्ड वाली रफ़्तार: शहर, हाईवे और एक्सप्रेसवे पर अलग-अलग सीमा होती है; स्पीड कैमरे वाले हिस्सों में बोर्ड देखें।

  1. स्टॉप लाइन से पहले रुकें: रेड लाइट पर ज़ेब्रा क्रॉसिंग या स्टॉप लाइन पार न करें।
  2. बोर्ड वाली रफ़्तार: शहर, हाईवे और एक्सप्रेसवे पर अलग-अलग सीमा होती है; स्पीड कैमरे वाले हिस्सों में बोर्ड देखें।
  3. हेलमेट और सीटबेल्ट: दोपहिया पर दोनों सवार हेलमेट पहनें, कार में आगे-पीछे सब सीटबेल्ट लगाएँ।
  4. फ़ोन हाथ में नहीं: गाड़ी चलाते हुए फ़ोन पर बात या मैसेज न करें।
  5. सही लेन और सही दिशा: ग़लत दिशा (रॉन्ग साइड) में चलना ख़तरनाक भी है और आम चालान भी।
  6. नंबर प्लेट साफ़ और मानक: टूटी, धुंधली या डिज़ाइनर नंबर प्लेट से दिक़्क़त हो सकती है।
  7. काग़ज़ अपडेट: बीमा, PUC और लाइसेंस की तारीख़ याद रखें; DigiLocker/mParivahan में रखे दस्तावेज़ मान्य हैं।
  8. पार्किंग सही जगह: नो-पार्किंग में खड़ी गाड़ी चालान के साथ टो भी हो सकती है।

महीने में एक बार जाँच: echallan.parivahan.gov.in पर अपनी गाड़ी का नंबर डालकर देख लें कि कोई चालान लंबित तो नहीं। समय पर जानकारी होने से आप सही समय पर भुगतान कर सकते हैं, ग़लत चालान को चुनौती दे सकते हैं, या लोक अदालत जैसे विकल्प का इंतज़ार कर सकते हैं।

अपना मोबाइल नंबर सुरक्षित रखें

सवालगाड़ी पर मोबाइल नंबर लिखने में क्या जोखिम है?

जवाब: बहुत से लोग गाड़ी के शीशे पर अपना मोबाइल नंबर लिख देते हैं ताकि ज़रूरत पड़ने पर कोई संपर्क कर सके। नीयत अच्छी है, लेकिन सबके सामने लिखा नंबर ग़लत हाथों में भी जा सकता है। अनचाही कॉल और मैसेज: रात-बेरात कॉल, परेशान करने वाले मैसेज; ठगी की कोशिश: "आपकी गाड़ी का चालान/KYC" के नाम पर लिंक या OTP माँगना; निजी जानकारी का दुरुपयोग: नंबर से सोशल मीडिया या दूसरी…

खुले में नंबर लिखने का जोखिम उदाहरण
अनचाही कॉल और मैसेज रात-बेरात कॉल, परेशान करने वाले मैसेज
ठगी की कोशिश “आपकी गाड़ी का चालान/KYC” के नाम पर लिंक या OTP माँगना
निजी जानकारी का दुरुपयोग नंबर से सोशल मीडिया या दूसरी जानकारी खोजना
महिलाओं और बुज़ुर्गों के लिए ख़ास जोखिम पीछा करना या परेशान करना

सुरक्षित रहने के तरीके:

  • गाड़ी पर सीधा नंबर लिखने के बजाय ऐसा तरीका अपनाएँ जिसमें सामने वाला आपसे संपर्क कर सके लेकिन आपका नंबर न देखे।
  • किसी अनजान कॉल पर OTP, बैंक या FASTag की जानकारी न दें।
  • संदिग्ध कॉल या मैसेज की रिपोर्ट दूरसंचार विभाग के संचार साथी पोर्टल की “चक्षु” सुविधा पर करें।
  • पैसे की ठगी हो जाए तो तुरंत 1930 पर कॉल करें या cybercrime.gov.in पर शिकायत दर्ज करें।

संपर्क में रहना ज़रूरी है, लेकिन अपनी निजता की क़ीमत पर नहीं।

डिजिटल काग़ज़: मोबाइल में रखें, परेशानी से बचें

ड्राइविंग लाइसेंस या RC घर पर भूल जाना आम बात है। सड़क परिवहन मंत्रालय ने अगस्त 2018 में राज्यों को एडवाइज़री भेजी कि DigiLocker या mParivahan ऐप में उपलब्ध ड्राइविंग लाइसेंस, RC और दूसरे परिवहन दस्तावेज़ मूल काग़ज़ों के बराबर क़ानूनी रूप से मान्य माने जाएँ।

दस्तावेज़ कहाँ रखें
ड्राइविंग लाइसेंस DigiLocker / mParivahan
RC (रजिस्ट्रेशन) DigiLocker / mParivahan
बीमा पॉलिसी बीमा कंपनी की PDF/ऐप; कई पॉलिसियाँ DigiLocker में भी जुड़ती हैं
PUC puc.parivahan.gov.in से डाउनलोड

कैसे शुरू करें:

  1. आधिकारिक ऐप स्टोर से DigiLocker या mParivahan ऐप डाउनलोड करें।
  2. मोबाइल नंबर/आधार से लॉग-इन करें।
  3. “Issued Documents” में परिवहन विभाग से अपना लाइसेंस और RC जोड़ें।

ध्यान रखें: फ़ोन की गैलरी में रखी फ़ोटो या स्कैन कॉपी वही दर्जा नहीं रखती जो इन आधिकारिक ऐप में जारी दस्तावेज़ रखता है। फ़ोन की बैटरी चार्ज रखें, और लंबे सफ़र में एक फ़ोटोकॉपी भी साथ रखें। किसी अनजान “दस्तावेज़ अपडेट” लिंक पर अपनी जानकारी न डालें।

मोटरसाइकिल की नंबर प्लेट (प्रतीकात्मक)
Photo: herbert2512 via Pixabay (प्रतीकात्मक तस्वीर / Representative image) · Pixabay

निष्कर्ष

त्योहारों के मौसम में ग़ाज़ियाबाद पुलिस का यह अभियान बताता है कि बिना नंबर प्लेट, काली फ़िल्म और स्टंट पर सख़्ती जारी है। ये तीनों बातें सिर्फ़ चालान की नहीं, सड़क पर सबकी सुरक्षा की हैं। इस विषय की बुनियादी जानकारी के लिए हमारी पुरानी गाइड TRAFFIC RULES EVERYONE MUST FOLLOW भी पढ़ सकते हैं।

अपनी पहचान और नंबर सुरक्षित रखते हुए लोग आपसे संपर्क कर सकें, इसके लिए गाड़ी पर Rakshak Code QR लगाइए। स्कैन करने पर कॉल, WhatsApp और इमरजेंसी कॉन्टैक्ट के बटन मिलते हैं, और आपका नंबर किसी को दिखता नहीं।

आख़िरी अपडेट: 27 अक्टूबर 2026

स्रोत (Sources)

  1. हिन्दुस्तान, “Ghaziabad News: बिना नंबर प्लेट के 12 सौ से अधिक वाहनों पर कार्रवाई हुई” (20 अक्टूबर 2026): https://www.livehindustan.com/ncr/ghaziabad/story-ghaziabad-traffic-police-book-1-233-vehicles-without-number-plates-in-mission-shakti-drive-201792510178869.html
  2. सुप्रीम कोर्ट, Avishek Goenka v. Union of India (27 अप्रैल 2012), Indian Kanoon: https://indiankanoon.org/doc/181042758/
  3. केंद्रीय मोटर वाहन नियम, 1989, सड़क परिवहन और राजमार्ग मंत्रालय: https://morth.gov.in/central-motor-vehicles-rules-1989-0
  4. मोटर वाहन (संशोधन) अधिनियम, 2019, भारत का राजपत्र: https://egazette.gov.in/WriteReadData/2019/210413.pdf
  5. Parivahan ई-चालान पोर्टल: https://echallan.parivahan.gov.in/
  6. PIB, DigiLocker/mParivahan पर दस्तावेज़ों की मान्यता (अगस्त 2018): https://www.pib.gov.in/PressReleasePage.aspx?PRID=1542222
  7. संचार साथी (DoT), चक्षु: https://sancharsaathi.gov.in/
  8. नेशनल साइबर क्राइम रिपोर्टिंग पोर्टल: https://cybercrime.gov.in/
  9. MoRTH एडवाइज़री, 8 अगस्त 2018 (Parivahan): https://parivahan.gov.in/sites/default/files/NOTIFICATION%26ADVISORY/08-08-2018.pdf

अक्सर पूछे जाने वाले सवाल

1. क्या हल्की (light) फ़िल्म लगाना चलेगा?

सुप्रीम कोर्ट के 2012 के फ़ैसले के बाद शीशों पर अलग से कोई भी फ़िल्म लगाने पर रोक है। शीशे में फ़ैक्ट्री से आया रंग नियम 100(2) की सीमा के अंदर होना चाहिए।

2. नई गाड़ी पर नंबर प्लेट आने तक क्या करें?

डीलर से HSRP लगने तक की स्थिति और अस्थायी रजिस्ट्रेशन के नियम साफ़ पूछें। बिना किसी नंबर के गाड़ी सड़क पर न चलाएँ।

3. स्टंट की शिकायत कहाँ करें?

ख़तरनाक स्टंट दिखे तो 112 पर सूचना दें। वीडियो बनाना हो तो अपनी सुरक्षा पहले रखें।

4. यह अभियान किसने चलाया?

ग़ाज़ियाबाद ट्रैफ़िक पुलिस ने, मिशन शक्ति 6.0 के तहत। जानकारी एडीसीपी ट्रैफ़िक वरुण कुमार सिंह ने दी।

5. कैमरे से कटने वाले आम चालान कौन-से हैं?

आम तौर पर ओवरस्पीडिंग, रेड लाइट जंप, स्टॉप लाइन पार करना, बिना हेलमेट/सीटबेल्ट, ग़लत लेन और ग़लत दिशा में चलना; ये आदतें सुधारकर ज़्यादातर चालानों से बचा जा सकता है।

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