सीधा जवाब: सड़क परिवहन एवं राजमार्ग मंत्रालय (MoRTH) ने केंद्रीय मोटर वाहन नियम, 1989 में बदलाव का ड्राफ़्ट 21 अक्टूबर 2026 को राजपत्र में छापा है। प्रस्ताव के मुताबिक़ नए या रिन्यू होने वाले लाइसेंस कार्ड पर ब्लड ग्रुप, ऑर्गन डोनर स्थिति, मोबाइल नंबर और इमरजेंसी कॉन्टैक्ट नंबर होगा, और पीछे एक QR कोड में दवाइयों, एलर्जी और इमरजेंसी कॉन्टैक्ट की जानकारी होगी। सेफ़ ड्राइविंग ट्यूटोरियल का पास मार्क 60% से 75% करने और आधार से होने वाली कई सेवाओं को मुफ़्त करने का भी प्रस्ताव है। ये नियम अभी लागू नहीं हुए हैं।
कार्ड पर क्या बदलेगा
सवालनए ड्राफ़्ट में ड्राइविंग लाइसेंस कार्ड पर क्या-क्या होगा?
जवाब: CNBC-TV18 की रिपोर्ट के अनुसार हर नया या रिन्यू होने वाला लाइसेंस फ़ॉर्म 7 में लैमिनेटेड या PVC कार्ड होगा। भारतीय और विदेशी नागरिकों के लिए अलग डिज़ाइन प्रस्तावित हैं: भारतीय नागरिक का कार्ड: नारंगी-हरा रंग; विदेशी नागरिक का कार्ड: नीला-हरा रंग; कार्ड के सामने: ब्लड ग्रुप, ऑर्गन डोनर स्थिति, राष्ट्रीयता, मोबाइल नंबर, इमरजेंसी कॉन्टैक्ट नंबर; कार्ड के पीछे QR कोड: बीमारी या एलर्जी, दवाइयाँ या इम्प्लांट, इमरजेंसी कॉन्टैक्ट का…
| बात | प्रस्ताव |
|---|---|
| भारतीय नागरिक का कार्ड | नारंगी-हरा रंग |
| विदेशी नागरिक का कार्ड | नीला-हरा रंग |
| कार्ड के सामने | ब्लड ग्रुप, ऑर्गन डोनर स्थिति, राष्ट्रीयता, मोबाइल नंबर, इमरजेंसी कॉन्टैक्ट नंबर |
| कार्ड के पीछे QR कोड | बीमारी या एलर्जी, दवाइयाँ या इम्प्लांट, इमरजेंसी कॉन्टैक्ट का नाम और नंबर |
| आवेदन फ़ॉर्म | ब्लड ग्रुप, मोबाइल और इमरजेंसी कॉन्टैक्ट बताना अनिवार्य |
ड्राफ़्ट के अनुसार मेडिकल जानकारी का इस्तेमाल सिर्फ़ तब होगा जब लाइसेंस धारक सड़क हादसे के बाद अस्पताल में भर्ती हो। हादसे के बाद पहला घंटा (गोल्डन ऑवर) सबसे अहम होता है, और ब्लड ग्रुप या परिवार का नंबर तुरंत मिल जाए तो इलाज और सूचना दोनों में देर कम होती है।
सेफ़ ड्राइविंग टेस्ट
सवालसेफ़ ड्राइविंग ट्यूटोरियल और पास मार्क में क्या बदलाव प्रस्तावित है?
जवाब: ड्राफ़्ट में नियम 11 में बदलाव का प्रस्ताव है: सेफ़ ड्राइविंग ट्यूटोरियल कम से कम 30 मिनट का होगा।; उप-नियम (1) की समय-सीमा 7 दिन से बढ़ाकर 15 दिन होगी।; उप-नियम (4) में पास होने के लिए 60% की जगह 75% अंक चाहिए होंगे।। मेडिकल सेल्फ़-डिक्लेरेशन में दवाइयों से एलर्जी और सर्जिकल इम्प्लांट जैसी जानकारी भी जुड़ेगी।
- सेफ़ ड्राइविंग ट्यूटोरियल कम से कम 30 मिनट का होगा।
- उप-नियम (1) की समय-सीमा 7 दिन से बढ़ाकर 15 दिन होगी।
- उप-नियम (4) में पास होने के लिए 60% की जगह 75% अंक चाहिए होंगे।

कौन-सी सेवाएँ मुफ़्त होंगी
सवाललाइसेंस से जुड़ी कौन-सी सेवाएँ मुफ़्त करने का प्रस्ताव है?
जवाब: ऑनलाइन आधार ऑथेंटिकेशन से ली जाने वाली सेवाओं पर कोई फ़ीस नहीं।; लाइसेंस में नाम या दूसरी जानकारी बदलने की ₹200 फ़ीस ख़त्म।; पता, मोबाइल नंबर या ईमेल बदलने का आवेदन मुफ़्त।; नियम 81 के तहत निवास बदलने की फ़ीस और NOC में देरी की लेट फ़ीस (बाइक ₹300, अन्य ₹500) भी हटाने का प्रस्ताव।।
- ऑनलाइन आधार ऑथेंटिकेशन से ली जाने वाली सेवाओं पर कोई फ़ीस नहीं।
- लाइसेंस में नाम या दूसरी जानकारी बदलने की ₹200 फ़ीस ख़त्म।
- पता, मोबाइल नंबर या ईमेल बदलने का आवेदन मुफ़्त।
- नियम 81 के तहत निवास बदलने की फ़ीस और NOC में देरी की लेट फ़ीस (बाइक ₹300, अन्य ₹500) भी हटाने का प्रस्ताव।
जानकारी बदलने के आवेदन पर लाइसेंसिंग अथॉरिटी को 15 दिन में फ़ैसला करना होगा और नामंज़ूरी का कारण लिखना होगा। पता बदलने का आवेदन 30 दिन तक लंबित रहा तो उसे मंज़ूर माना जाएगा। नया फ़ॉर्म 2A वाहन श्रेणी जोड़ने, रिन्यूअल, डुप्लीकेट लाइसेंस और नाम-पता बदलने के आवेदन एक साथ लाएगा, और जानकारी सारथी पोर्टल से अपने-आप भरी जाएगी।
दस्तावेज़ों के लिए भी नियम 4 की जगह पते, उम्र और पहचान के अलग-अलग सबूतों की सूची प्रस्तावित है, जिसमें आधार, वोटर ID, पासपोर्ट, ई-राशन कार्ड, PAN और पिछले तीन महीने के बिजली या गैस बिल जैसे दस्तावेज़ हैं। राज्य सरकारें और दस्तावेज़ जोड़ सकेंगी।
लाइसेंस से जुड़ी मौजूदा प्रक्रिया के लिए पढ़ें: ड्राइविंग लाइसेंस के नियम और RTO।
सुझाव कैसे भेजें
सवालइस ड्राफ़्ट पर आपत्ति या सुझाव कैसे भेजें?
जवाब: मंत्रालय ने ड्राफ़्ट पर आपत्तियाँ और सुझाव माँगे हैं, जिन पर अधिसूचना की प्रतियाँ जनता को उपलब्ध होने के 30 दिन बाद विचार होगा। सुझाव अपर सचिव (MVL, परिवहन और सड़क सुरक्षा), सड़क परिवहन एवं राजमार्ग मंत्रालय को भेजे जा सकते हैं, या ईमेल comments-morth@gov.in पर।
डिजिटल काग़ज़: मोबाइल में रखें, परेशानी से बचें
सवालक्या मोबाइल में रखे गाड़ी के काग़ज़ मान्य हैं?
जवाब: ड्राइविंग लाइसेंस या RC घर पर भूल जाना आम बात है। सड़क परिवहन मंत्रालय ने अगस्त 2018 में राज्यों को एडवाइज़री भेजी कि DigiLocker या mParivahan ऐप में उपलब्ध ड्राइविंग लाइसेंस, RC और दूसरे परिवहन दस्तावेज़ मूल काग़ज़ों के बराबर क़ानूनी रूप से मान्य माने जाएँ।
| दस्तावेज़ | कहाँ रखें |
|---|---|
| ड्राइविंग लाइसेंस | DigiLocker / mParivahan |
| RC (रजिस्ट्रेशन) | DigiLocker / mParivahan |
| बीमा पॉलिसी | बीमा कंपनी की PDF/ऐप; कई पॉलिसियाँ DigiLocker में भी जुड़ती हैं |
| PUC | puc.parivahan.gov.in से डाउनलोड |
कैसे शुरू करें:
- आधिकारिक ऐप स्टोर से DigiLocker या mParivahan ऐप डाउनलोड करें।
- मोबाइल नंबर/आधार से लॉग-इन करें।
- “Issued Documents” में परिवहन विभाग से अपना लाइसेंस और RC जोड़ें।
ध्यान रखें: फ़ोन की गैलरी में रखी फ़ोटो या स्कैन कॉपी वही दर्जा नहीं रखती जो इन आधिकारिक ऐप में जारी दस्तावेज़ रखता है। फ़ोन की बैटरी चार्ज रखें, और लंबे सफ़र में एक फ़ोटोकॉपी भी साथ रखें। किसी अनजान “दस्तावेज़ अपडेट” लिंक पर अपनी जानकारी न डालें।

निष्कर्ष
लाइसेंस पर ब्लड ग्रुप और इमरजेंसी कॉन्टैक्ट का प्रस्ताव उसी सोच से आता है कि हादसे के बाद मदद करने वाले और अस्पताल को ज़रूरी जानकारी तुरंत मिले। ड्राफ़्ट पर अपनी राय 30 दिन की अवधि में ज़रूर भेजें। इससे जुड़ी जानकारी के लिए स्कूल खुलते ही बच्चों की सड़क सुरक्षा: स्कूल ज़ोन, वैन और बस के नियम भी देखें। इस विषय की बुनियादी जानकारी के लिए हमारी पुरानी गाइड TRAFFIC RULES EVERYONE MUST FOLLOW भी पढ़ सकते हैं।
लाइसेंस तो आपकी जेब में रहता है, पर गाड़ी अकेली खड़ी भी रहती है। गाड़ी पर Rakshak Code QR लगाइए, ताकि हादसे या पार्किंग की दिक़्क़त में कोई भी QR स्कैन करके आपके परिवार या इमरजेंसी कॉन्टैक्ट तक तुरंत पहुँच सके, आपका नंबर देखे बिना।
आख़िरी अपडेट: 1 नवंबर 2026
स्रोत (Sources)
- CNBC-TV18, New driving licence rules: Higher pass mark, free Aadhaar-based services, separate cards for foreigners (26 अक्टूबर 2026): https://www.cnbctv18.com/auto/new-driving-licence-rules-draft-pass-mark-aadhaar-fee-free-services-foreign-nationals-card-20018956.htm
- सारथी पोर्टल, परिवहन सेवाएँ (MoRTH): https://sarathi.parivahan.gov.in
- PIB, DigiLocker/mParivahan पर दस्तावेज़ों की मान्यता (अगस्त 2018): https://www.pib.gov.in/PressReleasePage.aspx?PRID=1542222
- MoRTH एडवाइज़री, 8 अगस्त 2018 (Parivahan): https://parivahan.gov.in/sites/default/files/NOTIFICATION%26ADVISORY/08-08-2018.pdf
अक्सर पूछे जाने वाले सवाल
1. क्या पुराना लाइसेंस बदलवाना होगा?
रिपोर्ट में नया फ़ॉर्मेट नए जारी या रिन्यू होने वाले लाइसेंस के लिए बताया गया है। पुराने कार्ड पर क्या होगा, यह अंतिम नियम छपने पर साफ़ होगा।
2. QR कोड में क्या जानकारी होगी?
बीमारी या एलर्जी, दवाइयाँ या इम्प्लांट, और इमरजेंसी कॉन्टैक्ट का नाम और नंबर।
3. सेफ़ ड्राइविंग ट्यूटोरियल का पास मार्क कितना होगा?
प्रस्ताव 60% से बढ़ाकर 75% करने का है।
4. नाम बदलने की फ़ीस कितनी है?
अभी ₹200 है; ड्राफ़्ट इसे ख़त्म करने का प्रस्ताव देता है।
5. क्या ये नियम लागू हो गए हैं?
नहीं। CNBC-TV18 के अनुसार यह ड्राफ़्ट 21 अक्टूबर 2026 को भारत के राजपत्र (असाधारण) में छपा है और अंतिम अधिसूचना के बाद ही लागू होगा।


