सीधा जवाब: पेट्रोलियम और प्राकृतिक गैस नियामक बोर्ड (PNGRB) ने 23 अक्टूबर 2025 की एक केस स्टडी में बताया कि एक CNG स्टेशन पर गैस भरते समय एक कार का सिलेंडर फट गया। जाँच में पता चला कि सिलेंडर को काटकर उस पर 7.5″×5.5″ की प्लेट वेल्ड की गई थी, जो पिछली सीट के पीछे छुपी थी। कोई घायल नहीं हुआ, लेकिन सबक साफ़ है: सिलेंडर में कोई भी अनधिकृत बदलाव जानलेवा हो सकता है।
PNGRB की केस स्टडी में क्या हुआ?
सवालPNGRB की केस स्टडी में क्या सामने आया?
जवाब: PNGRB की केस स्टडी नंबर PNGRB/Tech/2025/RO/10 के अनुसार, एक पेट्रोल/CNG कार गैस भरवाने आई। स्टेशन के कर्मचारी ने गाड़ी की मेटल प्लेट देखी, उसे ठीक पाया और गैस भरना शुरू किया। वाल्व से गैस लीक की आवाज़ आने पर उसने भराई रोक दी और लीक ठीक कराने को कहा।
मालिक ने रेट्रोफिटर से वाल्व का नट टाइट करवाया और लगभग एक घंटे बाद लौटा। इस बार करीब ₹150 (लगभग 2 किलो) गैस भरते ही सिलेंडर फट गया। वेल्ड किया हुआ टुकड़ा 8-10 फ़ीट ऊपर उड़ा। गाड़ी को भारी नुकसान हुआ, लेकिन किसी को चोट नहीं आई, क्योंकि गाड़ी में कोई यात्री नहीं बैठा था।
असली कारण: सिलेंडर से छेड़छाड़
सवालCNG सिलेंडर हादसों का असली कारण क्या पाया गया?
जवाब: रिपोर्ट के अनुसार: गाड़ी 2013 में खरीदी गई थी और बाद में उसमें Type-1 CNG सिलेंडर लगाया गया।; गाड़ी दो बार लीज़ पर दी गई थी। शक है कि दूसरी बार लीज़ के दौरान सिलेंडर में बदलाव हुआ।; सिलेंडर को आयताकार काटकर उसी साइज़ की प्लेट वेल्ड की गई थी। कटे हिस्से पर हल्का ज़ंग और प्लेट की चमक बताती है कि वेल्डिंग हाल ही में हुई थी।
- गाड़ी 2013 में खरीदी गई थी और बाद में उसमें Type-1 CNG सिलेंडर लगाया गया।
- गाड़ी दो बार लीज़ पर दी गई थी। शक है कि दूसरी बार लीज़ के दौरान सिलेंडर में बदलाव हुआ।
- सिलेंडर को आयताकार काटकर उसी साइज़ की प्लेट वेल्ड की गई थी। कटे हिस्से पर हल्का ज़ंग और प्लेट की चमक बताती है कि वेल्डिंग हाल ही में हुई थी।
- यह हिस्सा पिछली सीट के पीछे था, इसलिए न रेट्रोफिटर को दिखा, न स्टेशन के कर्मचारी को।
- PNGRB ने मूल कारण “स्थानीय फैब्रिकेटर द्वारा सिलेंडर काटना और वेल्ड करना” और “सिलेंडर में अनधिकृत बदलाव” बताया।
रिपोर्ट में दर्ज है कि सिलेंडर की हाइड्रो टेस्ट वैधता 10 मार्च 2024 तक थी। हम यह दावा नहीं करते कि धमाके की वजह टेस्ट की तारीख़ थी; आधिकारिक कारण सिलेंडर से छेड़छाड़ ही है।

सिर्फ़ प्लेट देखना काफ़ी क्यों नहीं?
सवालक्या सिर्फ़ मेटल प्लेट देखना काफ़ी है?
जवाब: इस मामले में दोनों बार कर्मचारी ने मेटल प्लेट देखी और उसे "ठीक" पाया। प्लेट पर सिलेंडर की जानकारी और टेस्ट की तारीख़ होती है, लेकिन वह यह नहीं बता सकती कि सिलेंडर को बाद में काटा या बदला गया है। PESO (पेट्रोलियम एवं विस्फोटक सुरक्षा संगठन) की मार्च 2025 की प्रस्तुति में भी "नकली सिलेंडर / टेस्ट-ड्यू सिलेंडर भरना" और "गलत रेट्रो-फिटमेंट" को गंभीर सुरक्षा मुद्दे बताया गया है।
CNG गाड़ी के मालिक क्या करें?
सवालCNG गाड़ी के मालिक क्या करें?
जवाब: पुरानी CNG गाड़ी खरीदते समय: RC में CNG की एंट्री, सिलेंडर की मेटल प्लेट, हाइड्रो टेस्ट सर्टिफिकेट, किट लगाने वाले का बिल; गाड़ी लीज़/किराए से वापस आने पर: सिलेंडर की बॉडी, माउंटिंग और पाइप; कोई नया वेल्ड, पेंट या दबा हिस्सा तो नहीं; हर गैस भराई पर: गाड़ी से बाहर निकलें, गैस की गंध या आवाज़ पर तुरंत भराई रुकवाएँ; तय समय पर: अधिकृत टेस्टिंग स्टेशन पर हाइड्रो टेस्ट और…
| कब | क्या जाँचें |
|---|---|
| पुरानी CNG गाड़ी खरीदते समय | RC में CNG की एंट्री, सिलेंडर की मेटल प्लेट, हाइड्रो टेस्ट सर्टिफिकेट, किट लगाने वाले का बिल |
| गाड़ी लीज़/किराए से वापस आने पर | सिलेंडर की बॉडी, माउंटिंग और पाइप; कोई नया वेल्ड, पेंट या दबा हिस्सा तो नहीं |
| हर गैस भराई पर | गाड़ी से बाहर निकलें, गैस की गंध या आवाज़ पर तुरंत भराई रुकवाएँ |
| तय समय पर | अधिकृत टेस्टिंग स्टेशन पर हाइड्रो टेस्ट और किट की सर्विस |
कभी न करें: लोकल वेल्डर से सिलेंडर पर काम, बिना मंज़ूरी के अतिरिक्त सिलेंडर लगवाना, या सस्ता “जुगाड़” किट।
PNGRB की सिफ़ारिशें आम भाषा में
- गैस भरते समय गाड़ी में कोई यात्री न बैठे।
- ड्राइवर भी गाड़ी से दूर खड़ा रहे।
- गैस की गंध या असामान्य आवाज़ पर तुरंत भराई बंद हो।
- लाइन में खड़ी दूसरी गाड़ियों से सुरक्षित दूरी रहे।
- ग्राहकों को मॉडिफ़ाई या वेल्ड किए सिलेंडर से बचने के बारे में जागरूक किया जाए, ख़ासकर किट बदलते समय या गाड़ी का मालिक बदलने पर।
CNG गाड़ी की नियमित देखभाल
सवालCNG गाड़ी की नियमित देखभाल कैसे करें?
जवाब: CNG गाड़ी चलाने में सस्ती है, लेकिन इसकी गैस किट को पेट्रोल गाड़ी से ज़्यादा ध्यान चाहिए। नियमित देखभाल हादसे का जोखिम घटाती है और माइलेज भी बनाए रखती है। किट की लीक जाँच: हर सर्विस पर, अधिकृत वर्कशॉप से; पाइप और रबर के हिस्से: दरार, घिसाव या ढीलापन दिखे तो बदलें; गैस फ़िल्टर और रेगुलेटर: कंपनी/किट निर्माता की बताई अवधि पर; स्पार्क प्लग: CNG में इन पर ज़्यादा ज़ोर…
| क्या | कब/कैसे |
|---|---|
| किट की लीक जाँच | हर सर्विस पर, अधिकृत वर्कशॉप से |
| पाइप और रबर के हिस्से | दरार, घिसाव या ढीलापन दिखे तो बदलें |
| गैस फ़िल्टर और रेगुलेटर | कंपनी/किट निर्माता की बताई अवधि पर |
| स्पार्क प्लग | CNG में इन पर ज़्यादा ज़ोर पड़ता है; नियमित जाँच |
| सिलेंडर की बाहरी हालत | जंग, गड्ढे, उभार; सिलेंडर के क्लैंप कसे हों |
| हाइड्रो टेस्ट | तय समय पर, PESO मान्यता प्राप्त केंद्र से |
रोज़ की आदतें:
- गाड़ी में गैस की गंध आए तो उसे नज़रअंदाज़ न करें।
- डिक्की में सिलेंडर के पास भारी या नुकीला सामान न रखें।
- गर्मी में गाड़ी को लंबे समय तक धूप में बंद खड़ा रखने से बचें, और सिलेंडर को ढककर या छिपाकर रंग-रोगन न कराएँ।
- किट में कोई भी बदलाव या मरम्मत सिर्फ़ अधिकृत जगह से, और उसका बिल संभालकर रखें।
सस्ती “लोकल” मरम्मत से बचाया गया पैसा किसी हादसे के आगे बहुत छोटा है।

निष्कर्ष: सिलेंडर से छेड़छाड़, जान से खिलवाड़
यह केस बताता है कि CNG सिलेंडर की सुरक्षा कागज़ और प्लेट से आगे जाती है। अधिकृत किट, अधिकृत फिटर, समय पर टेस्ट और ईमानदार जाँच ही भरोसे की असली नींव हैं। इससे जुड़ी जानकारी के लिए त्योहारों की भीड़ में सड़क सुरक्षा: ओवरस्पीड, ओवरलोडिंग और थकान से कैसे बचें और सर्दियों से पहले PUC चेक: काला धुआँ छोड़ती गाड़ी पर क्या है नियम और जुर्माना भी देखें। इस विषय की बुनियादी जानकारी के लिए हमारी पुरानी गाइड Prevent Road Accidents और Help in an Emergency Situations भी पढ़ सकते हैं।
किसी आपात स्थिति में गाड़ी के मालिक तक जल्दी पहुँचना भी ज़रूरी होता है। गाड़ी पर Rakshak Code QR हो, तो कोई भी उसे स्कैन करके आपसे संपर्क कर सकता है, आपका नंबर दिखाए बिना।
सुरक्षित चलाइए, और पहुँच में रहिए।
आख़िरी अपडेट: 24 अक्टूबर 2025
स्रोत (Sources)
- PNGRB, Case Study No. PNGRB/Tech/2025/RO/10, “Bursting of On-board CNG cylinder of customer vehicle at a CNG station”, 23 अक्टूबर 2025: https://pngrb.gov.in/pdf/CaseStudies/20251023_CSR_CS10.pdf
- PESO, “Statutory Rules/Regulations for CNG Stations” (PNGRB पर प्रस्तुति), मार्च 2025: https://pngrb.gov.in/pdf/press-note/20250306_PESO.pdf
- PESO, मान्यता प्राप्त CNG सिलेंडर टेस्टिंग स्टेशन: https://www.peso.gov.in/web/en/approved-cng-cylinders-testing-station
- IOAGPL, CNG सिलेंडर हाइड्रो टेस्टिंग: https://ioagpl.com/hydro-testing/
अक्सर पूछे जाने वाले सवाल
1. क्या इस हादसे में किसी की जान गई?
नहीं। PNGRB की रिपोर्ट के अनुसार कोई मौत या चोट नहीं हुई।
2. स्टेशन का कर्मचारी कैसे पहचानता है कि सिलेंडर ठीक है?
आम तौर पर मेटल प्लेट, RC और हाइड्रो टेस्ट सर्टिफिकेट देखे जाते हैं। लेकिन इस केस में छुपी हुई वेल्डिंग इनसे पकड़ में नहीं आई।
3. पुरानी CNG कार लेने से पहले क्या करें?
अधिकृत डीलर या रेट्रोफिटर से सिलेंडर और किट की जाँच कराएँ, और हाइड्रो टेस्ट सर्टिफिकेट व RC एंट्री देखें।
4. गैस भरते समय गाड़ी से उतरना क्यों ज़रूरी है?
भराई के समय सिलेंडर पर सबसे ज़्यादा दबाव होता है। कोई गड़बड़ी हो तो दूर खड़े रहना ही सबसे बड़ा बचाव है।
5. CNG गाड़ी की सर्विस में किन चीज़ों की जाँच ज़रूरी है?
किट के पाइप, फ़िटिंग, वाल्व और रेगुलेटर की लीक जाँच, फ़िल्टर, स्पार्क प्लग, और सिलेंडर की हालत व हाइड्रो टेस्ट की तारीख़; यह काम अधिकृत वर्कशॉप से कराएँ।



